27 सित॰ 2021

DBT डाटा फीडिंग का कार्य आपरेटरों से न कराकर शिक्षकों से कराए जाने पर शिक्षकों में रोष

 झांसी। प्राथमिक विद्यालयों में डाटा फीडिंग का कार्य कंप्यूटर आपरेटरों से न कराकर शिक्षकों से कराया जा रहा है। इससे शिक्षकों में रोष है। इसे भरने में उन्हें तकनीकी दिक्क्तें आ रही हैं। बेसिक शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन का कहना है कि इसके लिए प्रत्येक ब्लॉक के बीआरसी पर कंप्यूटर आपरेटरों की तैनाती है, लेकिन उनसे कार्य नहीं लिया जा रहा है। उन्होंने बीएसए से मिलकर डाटा फीडिंग का कार्य कंप्यूटर आपरेटरों से कराने की मांग की है।



इस संबंध में एसोसिएशन के अध्यक्ष रसकेंद्र गौतम, जिला महामंत्री महेश साहू और जिला कोषाध्यक्ष अजय देवलिया ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी वेदराम से मिलकर शिकायत की कि शिक्षकों से उनका मूल कार्य न कराकर दूसरे कार्यों में लगा दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक बीआरसी पर डाटा फीडिंग के लिए कंप्यूटर ऑपरेटर नियुक्त हैं, लेकिन उनसे कार्य न लेकर डाटा फीडिंग का कार्य शिक्षकों द्वारा कराया जा रहा है। इसके लिए शिक्षकों को न तो कंप्यूटर और टेबलेट जैसे आवश्यक उपकरण दिए गए हैं और न ही अधिकांश शिक्षक डाटा फीडिंग जैसे जटिल कार्य में दक्ष हैं। इसकी वजह से शिक्षक न तो ठीक से कंप्यूटर आधारित कार्य कर पा रहे हैं और न ही बच्चों को सही ढंग से पढ़ा पा रहे हैं। ऐसे में डाटा फीडिंग कार्य बीआरसी पर तैनात कंप्यूटर आपरेटरों से कराने की बीएसए से मांग की है।

बीएसए वेदराम का कहना कि डाटा फीडिंग एप सभी शिक्षकों के मोबाइल में उपलब्ध है। विद्यालय पर उपलब्ध संसाधनों की जानकारी प्रधानाध्यापक या फिर शिक्षक ही दे सकता है। उसमें भी संसाधनों के नाम लिखे हुए हैं जिनके आगे उन्हें उत्तर देना है। ऐसे में कंप्यूटर आपरेटर भी इन्हीं से पूछकर डाटा फीड करेंगे। फिर भी कंप्यूटर आपरेटरों से कहा जाएगा कि वे ज्यादा से ज्यादा डाटा फीडिंग का कार्य खुद करें। इस मौके पर प्रदीप कुशवाहा, हिमांशु, पवनदेव त्रिपाठी, नीरज चऊदा, विपिन त्रिपाठी समेत काफी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे।

DBT डाटा फीडिंग का कार्य आपरेटरों से न कराकर शिक्षकों से कराए जाने पर शिक्षकों में रोष Rating: 4.5 Diposkan Oleh: TET NEWS

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